UP Board Exams 2024: उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद यानी कि U.P BOARD के द्वारा परीक्षाएं 22 फरवरी 2024 से शुरू हो रही है जो 9 मार्च 2024 तक की आयोजित की जाएगी। जैसा कि आप सभी को पता होगा यूपी बोर्ड की परीक्षा भारत के सभी राज्यों में से सबसे बोर्ड बड़े बोर्ड परीक्षा की आयोजन करती है क्योंकि वहां की छात्र-छात्राओं की संख्या काफी है। इस साल यूपी बोर्ड ने पेपर लीक और नकल जैसी घटनाओं को रोकने के लिए एंटी चीटिंग प्लान तैयार किया है. यूपी बोर्ड परीक्षा केंद्र पर इस बार सख्ती बरती जाएगी. Up Board Paper Leak जैसी घटनाओं को लेकर बोर्ड काफी सख्त है.
बोर्ड ने तैयार किया एंटी चीटिंग प्लान
यूपी सरकार उत्तर प्रदेश बोर्ड परीक्षा 2024 को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही बरतने के मूड में नहीं है. इस साल Up Board Exam को नकलविहीन तरीके से आयोजित करवाने के लिए 5 स्तरीय एंटी चीटिंग प्लान बनाया गया है. इस साल 10वीं और 12वीं के 55,25,308 स्टूडेंट्स ने यूपी बोर्ड परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन करवाया है. इन छात्रों के लिए पूरे राज्य में 8265 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जिसमें 566 राजकीय विद्यालय, 3479 सवित्त और 4220 वित्तविहीन विद्यालय शामिल हैं.
क्यूआर कोड से होगी निरीक्षकों की पहचान
इस बार की Board Exam में छात्रहित में कई नवीन व्यवस्थाएं की गई हैं जिसमें मास्टर ट्रेनर्स के माध्यम से परीक्षा केंद्र व्यवस्थापकों को प्रशिक्षण दिया गया है. कक्ष निरीक्षकों के लिए क्यूआर कोड परिचय पत्र भी तैयार किया गया है. इसके अलावा उत्तर पुस्तिकाओं की अदला-बदली रोकने के लिए उत्तर पुस्तिकाओं पर सुरक्षात्मक क्यूआर कोड, क्रमांक और लोगो भी लगाए हैं.
परीक्षा केंद्रों में नकल की घटनाओं और अन्य किसी प्रकार की अवांछित गतिविधि रोकने के लिए परिषद मुख्यालय प्रयागराज और सभी पांचों क्षेत्रीय कार्यालयों मेरठ, बरेली, प्रयागराज, वाराणसी और गोरखपुर में एक-एक कमांड एंड कंट्रोल सेंटर की स्थापना की गई है.
स्ट्रांगरूम में 24 घंटे रखी जाएगी निगरानी
नकलविहीन और शांतिपूर्ण परीक्षा के लिए परीक्षा केंद्रों में स्ट्रांगरूम की 24 * 7 ऑनलाइन निगरानी की व्यवस्था की गई है. 8265 परीक्षा केंद्रों के लगभग 1.35 लाख परीक्षा कक्षों और परिसर में 2.90 लाख से अधिक वॉयस रिकॉर्डर युक्त सीसीटीवी कैमरे लगाए गए है. लखनऊ में भी निगरानी के लिए एक कमांड एंड कंट्रोल रूम सेंटर स्थापित किया गया है.
अधिकारियों की टीमों का गठन कर स्ट्रांग रूम का रात में निरीक्षण कराए जाने के भी आदेश दिए गए हैं. परीक्षाओं में नकल की शिकायत के लिए टोल फ्री नम्बर 18001805310 और 18001805312, व्हाट्सएप, ट्विटर और फेसबुक जैसे सूचना माध्यमों की भी व्यवस्था की गई है.
पेपर लीक करने वालों को होगी सजा
Examination Centers के निरीक्षण के लिए 1297 सेक्टर मजिस्ट्रेट, 430 जोनल मजिस्ट्रेट, 75 राज्य स्तरीय पर्यवेक्षक और 416 फ्लाइंग स्क्वाड का भी गठन किया गया है. प्रदेश के 16 जनपद जिसमें मथुरा, बागपत, अलीगढ़, मैनपुरी, एटा, हरदोई, आज़मगढ़, बलिया, मऊ, प्रयागराज, कौशाम्बी, चंदौली, जौनपुर, गाज़ीपुर, देवरिया और गोंडा अतिसंवेदनशील जनपद चिन्हित किए गए हैं.
यहीं नहीं इस बार की यूपी बोर्ड की परीक्षा समाप्त होने से पूर्व यदि उस विषय का कोई प्रश्न पत्र या उसके किसी भाग को या उसके हल को व्हाट्सएप या किसी सोशल मीडिया या अन्य किसी माध्यम से संचारित करने का प्रयास किया गया तो ऐसा कृत्य उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अधिनियम 1998 की धारा 4/10 के अंतर्गत दंडनीय अपराध और गैर जमानती अपराध होगा.